भोपाल। राजधानी में शहर काजी से संबंधित एक फतवे के सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शहर का माहौल गरमा गया। इस मामले ने धार्मिक और सामाजिक संगठनों का ध्यान आकर्षित किया है। ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी के पदाधिकारियों ने मंगलवार को स्थानीय शाहजहांनाबाद थाने पहुंचकर इस पूरे प्रकरण की शिकायत दर्ज कराई। उनका आरोप है कि यह एक निजी दस्तावेज को जानबूझकर सार्वजनिक कर शहर काजी की छवि धूमिल करने और सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की साजिश है।
क्या है पूरा मामला?
प्राप्त जानकारी के अनुसार, पीरगेट इलाके के एक निवासी ने 6 मार्च को दारुल इफ्ता (धार्मिक पंचायत) में एक आवेदन दिया था, जिसमें उसने शहर काजी से जुड़े एक विषय पर फतवा मांगा था। इस आवेदन के जवाब में 10 मार्च को दारुल इफ्ता की ओर से फतवा जारी कर दिया गया। इस फतवे पर शहर के तीन मुफ्तियों के हस्ताक्षर हैं। हालांकि, यह फतवा अब सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसके बाद यह विवादास्पद हो गया है।
कमेटी ने लगाए ये आरोप
ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी के अध्यक्ष समसुल हसन ने पुलिस को दिए ज्ञापन में कहा कि फतवा एक निजी धार्मिक राय होती है, जो केवल संबंधित व्यक्ति को ही दी जाती है। इसे सार्वजनिक करना गलत है और इससे धार्मिक भावनाएं आहत होती हैं।
उन्होंने कहा, "यह स्पष्ट रूप से एक सोची-समझी साजिश के तहत किया गया है। कुछ असामाजिक तत्व शहर काजी साहब को बदनाम करना चाहते हैं और उनके खिलाफ माहौल तैयार करना चाहते हैं।"
कमेटी का यह भी कहना है कि ईद-उल-फितर का त्योहार नजदीक है। परंपरा के अनुसार, शहर काजी ही ईदगाह में सामूहिक नमाज अदा कराते हैं। ऐसे संवेदनशील समय में यह विवाद खड़ा करना समाज में तनाव पैदा कर सकता है।
तीन स्तरों पर जांच की मांग
कमेटी ने पुलिस से मामले की बारीकी से जांच करने की अपील करते हुए तीन मुख्य बिंदुओं पर कार्रवाई की मांग की है:
1. फतवा मांगने वाले व्यक्ति की भूमिका की जांच की जाए।
2. फतवा जारी करने की प्रक्रिया की समीक्षा की जाए।
3. सबसे महत्वपूर्ण, इस निजी दस्तावेज को सोशल मीडिया पर वायरल करने वालों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई अमल में लाई जाए।
पुलिस ने शुरू की जांच, प्रशासन अलर्ट
शाहजहांनाबाद थाना प्रभारी ने बताया कि मुस्लिम त्योहार कमेटी के पदाधिकारियों ने शिकायत दी है। पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए जांच शुरू कर दी है। टीमें यह पता लगाने में जुटी हैं कि फतवा सबसे पहले किसने और किस मकसद से सोशल मीडिया पर डाला।
भोपाल पुलिस और प्रशासन ने ईद के मद्देनजर शहर में कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर पहले ही अलर्ट जारी कर दिया था। इस नए विवाद के बाद संवेदनशील इलाकों में गश्त बढ़ा दी गई है और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है ताकि किसी भी अप्रिय घटना को रोका जा सके। फिलहाल मामला शांतिपूर्ण है और पुलिस की जांच जारी है।
नोट: यह खबर उपलब्ध जानकारी और विभिन्न मीडिया स्रोतों पर आधारित है। समाचार लिखे जाने के समय तक प्राप्त तथ्यों के अनुसार प्रस्तुत किया गया है। स्थिति में बदलाव संभव है और आधिकारिक पुष्टि के बाद अपडेट किया जा सकता है।
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